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आम की फसल होगी दुगनी अगर अपनाते हैं यह उपाय

DeHaat | देहात

02-Apr-2020
18 Likes. Ruchika , Rajdeep Kumar , Nitin Sangwan , Omprakash , Gaurav , Amit dubey , DeHaat , DeHaat , Abhay Kumar , Prakash , Team DeHaat , Karan Kumar , krinshu , Bhim Singh , Deepak Kumar yadav , Md Sarfaraj Alam , Brajesh kumar singh , subhash chandra

आम का उत्पादन मुख्य रूप से बिहार, आंध्र प्रदेश, पश्चिम बंगाल, गुजरात, महाराष्ट्र, उड़ीसा और तमिलनाडु में किया जाता है। इस समय आमों में मंजर लग गए हैं। हम यहां कुछ टिप्स बता रहे हैं जिन्हें अपनाने से आप आम की बेहतर फसल प्राप्त कर सकते हैं। 

  • प्रति वर्ष हर पेड़ के हिसाब से 10 किलो कार्बनिक पदार्थ को रसायनिक खाद में मिला कर डालने से आम का उत्पादन बढ़ जाता है।  

  • आम के फलों का आकर बढ़ाने और उन्हें समय से पहले गिरने से बचाने के लिए पेड़ों में फल लगने के बाद 10 से 15 दिन के अंतराल पर पानी डालना आवश्यक है। 

  • मंजर आने के दो - तीन महीने पहले से पानी डालना बंद कर दें। इस समय पेड़ में पानी डालने से नए पत्ते आते हैं और मंजर कम लगता है। 

  • मंजर आने से आम के पेड़ों पर कीटनाशक का छिड़काव कर देना चाहिए। मंजर लगने के बाद छिड़काव नहीं करना चाहिए। 

  • आम में जिंक, मैग्नीशियम और बोरॉन की कमी पाई जाती है। जिंक की कमी को दूर करने के लिए जिंक सल्फ़ेट का 3 ग्राम प्रति लीटर पानी में मिलाकर साल में तीन बार फरवरी, मार्च और मई माह में छिड़काव करना चाहिए। 

  • बोरोन की कमी को दूर करने के लिए 5 ग्राम बोरेक्स को प्रति लीटर पानी में डाल कर छिड़काव करना चाहिए। 

  • वहीं अगर हम 5 ग्राम मैग्नीशियम सल्फ़ेट को प्रति लीटर पानी में मिला कर डालेंगे तो मैग्नीशियम की कमी दूर होगी।

Tags :

Mango | आम

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